- अभिभावक बोले शासन के आदेश के खिलाफ जा रहा है स्कूल प्रबंधन
- एक मुश्त फीस जमा करने को बनाया जा रहा दबाव
मथुरा/ मदन सारस्वत। ग्रेस कॉन्वेन्ट स्कूल कृष्णा नगर का मामला जिलाधिकारी तक पहुंुच गया है। गुरूवार को बडी संख्या में अभिभावक डीएम कार्यालय पहुंचे और अपनी समस्याओं से संबंधित ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में अभिभावकों ने आरोप लगाया है कि
ग्रेस कॉन्वेन्ट स्कूल प्रिंसिपल और मैनेजमेंट शासन के आदेश के खिलाफ अभिभावकों व छात्रों पर परीक्षा कराने का दबाब बना रहा है। सत्र 2020 कोरोना काल के दौरान बंद रहे स्कूल की फीस एकमुश्त जमा कराने के लिए छात्र अभिभावकों पर मानसिक दबाब बनाया जा रहा है। प्रिंसिपल का कहना है कि आप लोग पूरे साल को फीस जमा नहीं करेंगे तो आपके बच्चों को परीक्षा में नहीं बिठाया जाएगा। वर्तमान में कोरोना संक्रमण को देखते हुए प्रशासन जनहित में कठोर फैसले ले रहा हैं। विद्यालय ऐसी स्थिति में भी सुबह सात बजे से दस बजे तक बच्चों को स्कूल आकर परीक्षा कराने को बाध्य कर रहा है और एकमुश्त फीस जमा कराने का निरंतर फोन कर दवाब बना रहा है। जिससे अभिभावक और बच्चे परेशान हैं। इसी क्रम में अभिभावकों ने स्कूल पर धरना भी दिया लेकिन कोई समाधान नही निकला। माग पत्र में अभिभावकों ने कहा है कि अभिभावक कोरोना काल के दौरान विद्यालय की परिस्थितियो को देखते हुए हम अभिभावक छह माह की फीस जमा करने को तैयार है। जिससे विद्यालय और अभिभावको की समस्या का समाधान हो जाये। बच्चों पर परीक्षा का दबाब न बनाया जाय। क्योकि उतर प्रदेश सरकार ने नर्सरी से कक्षा आठवीं तक के सभी छात्रों को प्रमोट करने का आदेश किया गया है। ऑनलाइन क्लास केवल फीस बसूली का दबाब मात्र है। ज्ञापन देने वालों में अशोक राज सिंह एडवोकेट, हरिओम शर्मा, कंचन खंडेलवाल, तुलसी भारद्वाज, निशा यादव, राजेश तोमर, लेखराज सिंह, भवानी सिंह, कृष्ण कुमार, महेश चंद, रीना सिंह, योगेश,
मंगल सिंह, महेश चंद, मोहन आदि थेे।





