- नमामि गंगे ने किया टीकाकरण के लिए प्रोत्साहित , बांटे मास्क
- टीका लगवायें कोरोना की पराजय सुनिश्चित करें
- जगाई स्वच्छता की अलख, की गई तलहटी की सफाई
वाराणसी। रोगों का निवारण करने वाली माता शीतला के शीतलाष्टमी ( बसौड़ा ) के पावन पर्व शुक्रवार को नमामि गंगे ने दशाश्वमेध घाट स्थित सिद्धपीठ माता शीतला की आरती उतारी। माता शीतला को भोग- प्रसाद अर्पित कर कोरोना सहित अन्य रोगों के समूल नाश के लिए याचना की। बच्चों के दिर्घायु और आरोग्य जीवन के लिए गुहार लगाई गई। शीतला पूजन के लिए उपस्थित लोगों को नमामि गंगे टीम ने टीकाकरण के लिए प्रोत्साहित किया। दशाश्वमेध घाट पर टीकाकरण के लाभ के साथ ही मास्क पहनने के फायदे भी बताए। बिना मास्क लगाए नागरिकों और दुकानदारों को मास्क दिया गया।
गंगा तलहटी की सफाई कर लाउडस्पीकर द्वारा स्वच्छता बनाए रखने की अपील की गई। संयोजक राजेश शुक्ला ने कहा कि मां शीतला रोगों का निवारण करने वाली देवी के रूप में जानी जाती हैं। मां के हाथों में कलश, सूप, झाड़ू और नीम के पत्ते सफाई के सूचक हैं। मां शीतला हमें सफाई की प्रेरणा देती हैं। रोगों का निवारण करने वाली माता शीतला की आरती हमने समस्त रोगों के समूल नाश के लिए की है। कहा कि हम लापरवाही छोड़ें । लड़ाई बड़ी और अनिश्चितकालीन है। दुश्मन अदृश्य है। ऐसे में हर कदम यदि फूंक-फूंक कर नहीं रखेंगे तो चुनौती और बड़ी होती जाएगी। टीकाकरण अवश्य करवाएं। मास्क लगाने की अनिवार्यता का विशेष ध्यान रखें, बल्कि दूसरों को भी इसके लिए प्रेरित करें। बेवजह सड़कों पर या भीड़भाड़ में जाने से बचना होगा। आयोजन में मेहमानों की संख्या कम से कम रखनी होगी। तभी कोरोना को परास्त करने में हम सफल हो पाएंगे। आयोजन में प्रमुख रूप से काशी प्रांत के संयोजक राजेश शुक्ला, महानगर सहसंयोजक शिवम अग्रहरी, सत्यम जायसवाल, सोनी चौरसिया, रश्मि साहू, सारिका गुप्ता, सारिका सिन्हा, सीता साहू, हर्षा नथानी, शुभम सिंह, अभिनव मिश्रा, अमन वर्मा, पूजा आदि सम्मिलित रहे ।





